O Romeo Trailer Review: Shahid Kapoor–Triptii Dimri की प्यार-नफरत वाली कहानी
नमस्ते दोस्तों, मेरा नाम Sachin है|
मैंने अभी-अभी “ओ रोमियो” (O Romeo) का ट्रेलर देखा और सच कहूं तो 2 मिनट के अंदर ही दिल और दिमाग दोनों एक्टिव हो गए। ट्रेलर खत्म होते-होते मन से बस एक ही बात निकली — चीज़ बढ़िया है… और बहुत बढ़िया है! लेकिन हां, ये भी साफ दिखता है कि इस चीज़ पर खर्चा भी जमकर हुआ है।
सबसे पहले अगर स्टार कास्ट की बात करें तो भाई, लिस्ट देखकर ही समझ आ जाता है कि मेकर्स ने कोई कसर नहीं छोड़ी। शाहिद कपूर, नाना पाटेकर, फरीदा जलाल, तृप्ति डिमरी, अविनाश तिवारी, विक्रांत मैसी, तमन्ना भाटिया — ऐसा लग रहा है कि सेट के पास से जो भी गुज़रा, उसे फिल्म में ले लिया गया। लेकिन मज़े की बात ये है कि इतनी बड़ी कास्ट होने के बावजूद ट्रेलर में सबका इंपैक्ट नजर आता है।
इस फिल्म के साथ विशाल भारद्वाज का नाम जुड़ा है और यही एक ऐसा फैक्टर है जो उम्मीदों को अपने-आप ऊपर ले जाता है। विशाल भारद्वाज अपने किरदारों के रफ एटीट्यूड, डार्क शेड्स और रियल टोन को जिस तरह हैंडल करते हैं, वो हमने पहले भी ओमकारा, कमीने जैसी फिल्मों में देखा है। यहां भी वही फील वापस आती दिख रही है, खासकर शाहिद कपूर के कैरेक्टर में।
अब ट्रेलर की कहानी पर आते हैं। ट्रेलर में हमें एक रोमियो मिलता है — यानी शाहिद कपूर, और एक जूलियट — यानी तृप्ति डिमरी। शुरुआत होते ही कहानी फ्लैशबैक में चली जाती है, जहां पता चलता है कि शाहिद के किरदार (हुसैन उसरा) के पास तृप्ति एक सुपारी लेकर आती है। और नहीं-नहीं, ये चबाने वाली सुपारी नहीं है, ये बजाने वाली सुपारी है। यहीं से कहानी में ट्विस्ट आता है।
पैसों की जगह शाहिद का किरदार कुछ और डिमांड कर बैठता है, और उसी डिमांड से उसके अंदर प्यार का फितूर चढ़ जाता है। लेकिन असली ट्विस्ट तब आता है जब पता चलता है कि तृप्ति को उससे प्यार होता ही नहीं है। यहीं से ये कहानी सिर्फ रिवेंज नहीं रहती, बल्कि एक love-hate action drama बन जाती है — जिसमें इमोशन, क्राइम और हिंसा तीनों भरपूर हैं।
बीच-बीच में नाना पाटेकर, अविनाश तिवारी और फरीदा जलाल के किरदार इंट्रोड्यूस होते हैं और फिल्म का नैरेटिव और भी क्लियर हो जाता है। ट्रेलर ये साफ कर देता है कि ये कोई सिंपल बॉलीवुड रोमांस नहीं है, बल्कि एक रिस्की, डीप और खतरनाक लव स्टोरी है। ब्रूटल एक्शन सीन्स, रॉ एंड रियल फील और ऊपर से सुखविंदर सिंह की आवाज़ में बैकग्राउंड सॉन्ग — honestly, काफी टाइम बाद कुछ ऐसा सुनने को मिला है जो स्क्रीन पर छा जाता है।
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अगर बात करें कि ट्रेलर में क्या-क्या अच्छा लग रहा है, तो सबसे ऊपर आती है विशाल भारद्वाज की डायरेक्शन, शाहिद कपूर की धांसू एंट्री और तृप्ति डिमरी के साथ उनकी साइलेंट लेकिन स्ट्रॉन्ग केमिस्ट्री। ट्रेलर इतना टाइट और टेंशन-फुल है कि शुरू से अंत तक आंखें स्क्रीन से हटती ही नहीं। एक सेकंड भी इधर-उधर हुए तो लगता है कुछ इंपॉर्टेंट मिस हो जाएगा।
मेकर्स ने ज्यादा स्पॉइल नहीं किया, बस उतना ही दिखाया है जितना curiosity build करने के लिए जरूरी है। यही तो एक अच्छे ट्रेलर की पहचान होती है — सवाल खड़े करो, जवाब मत दो। प्यार, खून-खराबा, इमोशन — सब कुछ इतना इंटेंस है कि साफ लगता है कुछ हटकर बनाने की कोशिश की गई है।
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शाहिद कपूर का टैटू वाला लुक, उनका वेपन, काउबॉय स्टाइल — सब कुछ डोमिनेंट और सिंबॉलिक लग रहा है। ऐसा लगता है कि उनका किरदार किसी को भी डॉमिनेट कर सकता है, लेकिन इसी रास्ते में वो एक ऐसी दुनिया में घुस जाएगा जहां उससे भी ज्यादा खूंखार दरिंदे मौजूद हैं। फिर भी, शाहिद का स्वैग देखने लायक होगा।
नाना पाटेकर इस ट्रेलर में बिल्कुल फ्रेश और रिफ्रेशिंग लगते हैं। सच ही कहा गया है — Legends don’t age, they update. उनके डायलॉग्स कड़क हैं। फरीदा जलाल की प्रेजेंस दमदार है। अविनाश तिवारी का इंटेंस लुक सरप्राइज करता है और वो एक खतरनाक विलेन टाइप वाइब देता है। विक्रांत मैसी और तमन्ना भाटिया को ज्यादा स्क्रीन टाइम नहीं मिला, लेकिन इतना जरूर दिखा दिया गया है कि उनका रोल इंपॉर्टेंट होने वाला है।
प्रोडक्शन की बात करें तो साजिद नाडियाडवाला ने इस बार भी ग्रैंड स्केल पर पैसा लगाया है, और जब शिप का कैप्टन विशाल भारद्वाज हो, तो उम्मीदें और बढ़ जाती हैं। म्यूजिक भी ट्रेलर में धमाल लग रहा है और लगता है जल्द ही एक चार्टबस्टर सॉन्ग भी देखने को मिलेगा।
Conclusion: O Romeo Trailer Review
अब आखिर में बस यही देखना होगा कि 13 फरवरी, वैलेंटाइन डे से ठीक एक दिन पहले रिलीज़ होने वाली ये फिल्म अपने ऑडियंस से कितनी मोहब्बत करवा पाती है और कितना धमाल मचाती है।
अब आपकी बारी है दोस्तों।
ट्रेलर देखकर आपको कैसा लगा?
कौन सा सीन या कौन सा डायलॉग सबसे ज्यादा पसंद आया?
शाहिद, तृप्ति, नाना पाटेकर या अविनाश तिवारी — किस पर हो गए आप फिदा?
नमस्ते, मेरा नाम Sachin है।मैं एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर हूँ और मुझे फिल्में देखना बहुत पसंद है। मैं फिल्म रिव्यू और बॉक्स ऑफिस कलेक्शन से जुड़ी आसान और सच्ची बातें लिखता हूँ। बॉलीवुड फिल्मों से लेकर बड़े बॉक्स ऑफिस मुकाबलों तक, यहां आपको हर फिल्म की जानकारी और सही आंकड़े मिलेंगे। आप मुझे panmovies.in पर पढ़ रहे हैं|